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Wednesday, February 28, 2024

लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा पर बाइडन की मोदी को नसीहत

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भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अमेरिका यात्रा के दौरान भारत में लोकतांत्रिक मूल्यों के पतन और धार्मिक सहिष्णुता का मुद्दा चर्चा में रहा।

जो बाइडन ने भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को यह संकेत दिया है कि वे लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा करें। जो बाइडन ने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को याद करते हुए उनकी अहिंसा, सहिष्णुता और धार्मिक सद्भाव का ज़िक्र भी किया ।

हालाँकि जो बाइडन ने यह बात बिना किसी का नाम लिए कही , लेकिन समझा जाता है कि उन्होंने गांधी और उनके सिद्धान्तों का हवाला देकर प्रधानमंत्री मोदी को यह संकेत दिया है कि वे भारत में सहिष्णुता की कमी से काफ़ी चिंतित हैं और मोदी सरकार को इस पर ख़ास ध्यान देना चाहिए।

अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन के साथ द्विपक्षीय बातचीत में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महात्मा गांधी को याद किया। उन्होंने गांधी को उद्धृत करते हुए कहा कि वे कहा करते थे कि हम इस पृथ्वी के ट्रस्टी हैं और हमें संसाधनों का इस्तेमाल करते समय यह ध्यान में रखना चाहिए। 

मोदी ने इस पर ज़ोर देते हुए कहा कि पृथ्वी की मौजूदा स्थिति को देखते हुए इसे सही अर्थों में लागू करना बेहद आवश्यक है, यह पूरी मानवता के लिए आवश्यक है। 

उन्होंने यह भी कहा कि इस मामले में भारत और अमेरिका एक दूसरे की मदद कर सकते हैं।

क्या बोले जो बाइडन?

राष्ट्रपति जो बाइडन ने प्रधानमंत्री मोदी से कहा कि 40 लाख भारतीय-अमेरिकी प्रतिदिन अमेरिका को मजबूत बना रहे हैं। दुनिया के सबसे बड़े लोकतांत्रिक देश भारत और अमेरिका के बीच रिश्ते नज़दीक होना तय है।

बाइडन ने कहा “मुझे उम्मीद है कि अमेरिका-भारत कई तरह की चुनौतियों का समाधान करने में मददगार हो सकते हैं। हम भारत-अमेरिका संबंधों में एक नया अध्याय देख रहे हैं।”

प्रौद्योगिकी हस्तांतरण पर ज़ोर देते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि दोनों देशों के बीच इस मामले में बहुत ही अधिक सहयोग की संभावना है।

उन्होंने कहा कि कुछ ऐसी टेक्नॉलोजी है जो अमेरिका हमें दे सकता है, लेकिन कुछ ऐसी

उन्होंने कहा कि कुछ ऐसी टेक्नॉलोजी है जो अमेरिका हमें दे सकता है, लेकिन कुछ ऐसी तकनीक भी हैं, जो हम अमेरिका को दे सकते हैं। यह हस्तांतरण दोनों मुल्कों के हित में है। प्रधानमंत्री मोदी ने इसी मुद्दे पर कहा कि “मौजूदा दशक में सबसे बड़ा सेक्टर व्यापार है। दोनों देशों के बीच व्यापार बेहद अहम रहा है।”इससे पहले बाइडन ने ट्वीट कर कहा था कि “द्विपक्षीय बातचीत के लिए मैं आज व्हाइट हाउस में भारतीय प्रधानमंत्री का स्वागत कर रहा हूँ। मैं दोनों देशों के बीच मज़बूत रिश्ते चाहता हूँ और चाहता हूं कि हिन्द-प्रशांत से लेकर कोविड-19 और जलवायु परिवर्तन को लेकर हम साथ में काम करें।”

राष्ट्रपति जो बाइडन के निमंत्रण पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरीसन और जापान से योशीहिदे सुगा व्हाइट हाउस में पहली बार आमने-सामने के क्वाड शिखर सम्मेलन के लिए अमेरिकी राजधानी में एकत्र हुए हैं।

अधिकारियों के मुताबिक़ क्वैड नेताओं ने टीकों का वितरण शुरू करने और स्वास्थ्य देखभाल एवं अवसंरचना क्षेत्र में कई उपायों की घोषणा करने की भी योजना बनाई है।

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Jamil Khan
Jamil Khanhttps://reportlook.com/
journalist | chief of editor and founder at reportlook media network

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