देनी थी बकरे की बलि, पकड़ने वाले की ही गर्दन उड़ाई ,आरोपी गिरफ्तार

धर्मदेनी थी बकरे की बलि, पकड़ने वाले की ही गर्दन उड़ाई ,आरोपी गिरफ्तार

चित्तूर, 18 जनवरी। आस्था और परंपरा के नाम पर आज भी देश में बेजुबान जानवरों की बलि चढ़ाई जाती है। ऐसा ही कुछ आंध्र प्रदेश में संक्रांति के त्योहार पर वलसापल्ले स्थित एक मंदिर में किया जा रहा था, लेकिन अगले ही कुछ ऐसा हुआ जिसके बाद वहां हड़कंप मच गया।

दरअसल, त्योहार के मौके पर मंदिर में बकरे की बलि चढ़ाई जानी थी लेकिन शख्स ने जानवर की जगह उसे पकड़ने वाले की ही गर्दन काट दी जिससे उसकी मौत हो गई। इस मामले में आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है।

मामला आंध्र प्रदेश के चित्तूर स्थित वलसापल्ले का है, जहां एक मंदिर में संक्रांति के अवसर पर बलि का आयोजन किया गया था। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक ऐसा आयोजन हर साल किया जाता है, जहां समारोह के दौरान जानवरों की बलि दी जाती है। येल्लम्मा मंदिर में इस तरह के आयोजन पर बकरों की बलि दी जाती है। इस साल भी ऐसा ही कुछ होने वाला था लेकिन बलि के दौरान एक शख्स की मौत से हड़कंप मच गया।

जानवर पकड़ने वाली की गर्दन काटी 

रिपोर्ट के मुताबिक कार्यक्रम में बलि के लिए एक बकरे को लाया गया था, जिसकी गर्दन काटने की जिम्मेदारी चलापथी नाम के शख्स को दी गई। इस बीच जैसे ही उसने धारदार हथियार से वार किया, तो बकरे की जगह उसे पकड़ने वाले शख्स सुरेश की गर्दन कट गई। जोरदार वार से खून से लतपथ सुरेश जमीन में गिर पड़ा। इसके बाद उससे आनन-फानन में पास में ही स्थित मदनपल्ले के सरकारी अस्पताल ले जाया गया, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया।

शराब के नशे में धुत था आरोपी 

बताया जा रहा है कि आरोपी शराब के नशे में धुत था और कुछ लोगों की तरफ से एक परंपरा के अनुसार बकरे की बलि दे रहा था। वहीं मृतक सुरेश ने जानवर को पकड़ा हुआ था। इस बीच पुलिस ने जानकारी दी कि आरोपी चलापथी को पकड़ लिया गया है। मृतक सुरेश अपने पीछे बीवी और दो बच्चों को छोड़ गए हैं। अब पुलिस एक मामले की कई एंगल से पूछताछ कर रही है। इस बात का भी पता लगाया जा रहा है कि कहीं चलापथी और सुरेश में कोई आपसी रंजिश तो नहीं थी।

Check out our other content

Check out other tags:

Most Popular Articles