14.9 C
London
Wednesday, June 19, 2024

गैंगस्टर लारेंस बिश्नोई को नहीं मिल रहा कोई वकील, पिता ने सुप्रीम कोर्ट से लगाई गुहार, 11 जुलाई को होनी है सुनवाई

- Advertisement -spot_imgspot_img
- Advertisement -spot_imgspot_img

नई दिल्ली: सिंगर मूसेवाला की हत्या का मामला अब सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है। जेल में बंद गैंगस्टर लारेंस बिश्नोई के पिता ने सोमवार को गायक सिद्धू मूसेवाला की हत्या के मामले में दिल्ली की एक अदालत के ट्रांजिट रिमांड आदेश सहित विभिन्न आदेशों को चुनौती देते हुए सुप्रीम कोर्ट का रुख किया।

लारेंस बिश्नोई के पिता ने शिकायत की कि पंजाब में वकीलों ने केस न लड़ने का बहिष्कार किया है। कोई भी वकील उनके बेटे और उनका प्रतिनिधित्व करने को तैयार नहीं हैं।

न्यायमूर्ति सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जेबी पारदीवाला की अवकाशकालीन पीठ को अधिवक्ता संग्राम सिंह सरोन ने बताया कि उन्होंने पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय और दिल्ली की एक अदालत के ट्रांजिट रिमांड के आदेशों को चुनौती दी है, लेकिन चूंकि पंजाब की मानसा अदालत में कोई वकील इस मामले की सुनवाई नहीं कर रहा है। लारेंस बिश्नोई के मामले में उन्होंने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।

पीठ ने कहा कि यह बिल्कुल अनुचित है और याचिकाकर्ता बिश्नोई कानूनी सहायता वकील प्रदान करने के लिए हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटा सकते है।

पीठ ने कहा कि ये कानूनी सहायता वकील मामले से इन्कार नहीं कर सकते हैं या उन्हें पैनल से हटा दिया जाएगा। पीठ ने वकील से उन्हें कानूनी सहायता वकील प्रदान करने के लिए पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट से संपर्क करने के लिए कहा।

वकील सरोन ने कहा कि वह ट्रांजिट रिमांड के दिल्ली अदालत के आदेश को चुनौती दे रहे हैं क्योंकि यह बिश्नोई की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट द्वारा पारित कुछ निर्देशों के विपरीत है।

पीठ ने कहा कि चूंकि पंजाब पुलिस मामले की जांच कर रही है, यह बहुत प्रारंभिक चरण में है। इस अदालत के लिए इस स्तर पर हस्तक्षेप करना उचित नहीं होगा।

बिश्नोई के पिता पर 11 जुलाई को होगी सुनवाई

पीठ ने कहा कि हत्या पंजाब के मनसा में हुई है और इसलिए मामले की जांच करना पंजाब पुलिस का अधिकार क्षेत्र है और वे उसे (बिश्नोई) रिमांड पर ले सकते हैं। पीठ 11 जुलाई को बिश्नोई के पिता की याचिका पर सुनवाई के लिए सहमत हुई।

बता दें कि मूसेवाला हत्याकांड में दिल्ली की एक अदालत ने 14 जून को बिश्नोई को पंजाब ले जाने के लिए पंजाब पुलिस को ट्रांजिट रिमांड दिया था। अदालत ने आदेश पारित किया था क्योंकि पंजाब पुलिस ने मामले में औपचारिक रूप से गिरफ्तार करने के बाद बिश्नोई को उसके सामने पेश किया था। इसने राज्य पुलिस को मामले के संबंध में बिश्नोई को मानसा अदालत में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश करने का निर्देश दिया था। पंजाब पुलिस ने कहा था कि मूसेवाला की हत्या एक अंतर-गिरोह का परिणाम है और इसमें बिश्नोई गिरोह शामिल था।

गौरतलब है कि मूसेवाला की 29 मई को पंजाब के मनसा जिले में अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। उनके साथ जीप में यात्रा कर रहे उनके चचेरे भाई और एक दोस्त भी हमले में घायल हो गए थे।

- Advertisement -spot_imgspot_img
Ahsan Ali
Ahsan Ali
Journalist, Media Person Editor-in-Chief Of Reportlook full time journalism.

Latest news

- Advertisement -spot_img

Related news

- Advertisement -spot_img

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here