20.1 C
Delhi
Saturday, December 3, 2022
No menu items!

राष्ट्रपति से लेकर पीएम मोदी तक ने दी बकरीद की बधाई, जानिए पशुओं की कुर्बानी क्या  कहा 

- Advertisement -
- Advertisement -

देशभर में आज बकरीद (Eid al Adha 2022) का त्योहार मनाया जा रहा है। जी दरअसल इस त्योहार को कुर्बानी के दिन के तौर पर भी जाना जाता है और इस दिन मुस्लिम समुदाय के लोग मस्जिदों में नमाज अदा करते हैं।

जी दरअसल आज देशभर की कई मस्जिदों में लोगों ने नमाज (Namaz) अदा की है। आप सभी को बता दें कि नमाज के बाद लोग एक-दूसरे से गले मिले और उन्हें बकरीद की मुबाकरबाद दी और इस त्योहार की वजह से बच्चों से लेकर बुजुर्ग लोगों में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। वहीँ इस खास मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों को ईद की मुबारकबाद दी है। जी दरअसल उन्होंने ट्वीट करते हुए लिखा, ‘ईद मुबारक! ईद-उल-अजहा की बधाई। यह त्यौहार हमें मानव जाति की भलाई के लिए सामूहिक कल्याण और समृद्धि की भावना को आगे बढ़ाने की दिशा में काम करने के लिए प्रेरित करे।’

- Advertisement -

उनके अलावा ईद उल-अजहा की पूर्व संध्या पर भारत के राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने देशवासियों को त्योहार की बधाई दी। जी दरअसल राष्ट्रपति ने अपने संदेश में कहा, ‘ईद-उल-अजहा के अवसर पर मैं सभी देशवासियों, विशेषकर हमारे मुस्लिम भाइयों और बहनों को मुबारकबाद देता हूं। ईद-उल-अजहा का त्योहार मानवता के लिए बलिदान और सेवा का प्रतीक है। यह त्योहार हमें हजरत इब्राहिम के दिखाए गए आत्म-बलिदान के मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित करता है। आइए इस अवसर पर हम मानव जाति की सेवा के लिए खुद को फिर से समर्पित करने और राष्ट्र की समृद्धि व विकास के लिए काम करने का संकल्प लें।’

आप सभी को बता दें कि मुस्लिम समुदाय के त्योहार ईद-उल-अजहा के मद्देनजर उत्तर प्रदेश में पुलिस ने सुरक्षा-व्यवस्था के चाक-चौबंद इंतजाम किए हैं और खुले स्थान पर कुर्बानी न किए जाने तथा प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी न दिए जाने की स्पष्ट हिदायत दी गई है। वहीं अपर पुलिस महानिदेशक (कानून व्यवस्था) प्रशांत कुमार की ओर से जारी एक बयान में कहा गया कि ईद-उल-अजहा को सकुशल संपन्न कराने के लिए पुलिस ने व्यापक सुरक्षा प्रबंध किए हैं।

इसी के साथ बयान में कहा गया है कि राज्य के सभी जिलों में थाना स्तर पर शांति समिति की 3010 बैठकें, प्रदेश के इमामों और धर्मगुरुओं के साथ 3407 बैठकें की गई हैं। केवल यही नहीं बल्कि इसमें कहा गया है कि इन बैठकों में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए खुले में कुर्बानी नहीं देने और प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी न किए जाने के निर्देश दिए गए हैं।

- Advertisement -
Jamil Khan
Jamil Khanhttps://reportlook.com/
journalist | chief of editor and founder at reportlook media network
Latest news
- Advertisement -
Related news
- Advertisement -spot_img

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here